पिपलानी स्थित बालाजी मंदिर में प्राण-प्रतिष्ठा महोत्सव का भंडारे के साथ समापन
Devotees arranged marriage of Lord Balaji, Mata Padmavati and Godadevi: भोपाल/पिपलानी भेल. भेल टाउनशिप के पिपलानी डी सेक्टर स्थित बालाजी मंदिर में प्रतिवर्ष होने वाले प्राण-प्रतिष्ठा कार्यक्रम का रविवार को समापन हो गया। वार्षिकोत्सव की शुरुआत 31 मई से हुई थी। पहले दिन सुबह भगवान बालाजी का अभिषेक पूजन किया गया और शाम को विशेष पूजा-अर्चना के साथ भजन कीर्तन किए गए। दूसरे दिन भगवान बालाजी का सहस्त्रनाम अर्चना, तीसरे दिन भगवान बालाजी का अभिषेक और शाम को महालक्ष्मी की कुमकुम पूजा की गई।

Devotees arranged marriage of Lord Balaji, Mata Padmavati and Godadevi
चौथे दिन सुबह सहस्त्रनाम अर्चना और शाम 6.30 बजे के बाद गरुण उत्सव मनाया गया। कार्यक्रम के अंतिम दिन रविवार को सुबह 11.30 बजे से दोपहर 12.30 बजे तक भगवान बालाजी, माता पद्मावती और गोदादेवी का विवाह उत्सव (श्रीनिवास कल्याणम) मनाया गया। दोपहर 1 से 4 बजे तक महाप्रसादी का आयोजन किया गया। बता दें कि भगवान बालाजी (व्यंकटेश) का प्राण-प्रतिष्ठा और विवाह उत्सव वर्ष में एक बार मनाया जाता है। यह उत्सव प्रतिवर्ष 31 मई से शुरू होता है और उसके आगे आने वाले रविवार को समापन और महाप्रसादी (भंडारे) का आयोजन किया जाता है।
प्रतिवर्ष 31 मई से भगवान बालाजी की प्राण-प्रतिष्ठा का उत्सव मनाया जा रहा था। इस बार भी हर्षोल्लास के साथ 44वीं वर्षगांठ मनाई गई। आज आयोजन के समापन पर विवाह उत्सव (श्रीनिवास कल्याणम) और महाप्रसादी (भंडारे) का आयोजन किया गया।
रामबाबू, अध्यक्ष, बालाजी मंदिर पिपलानी भेल भोपाल